Skip Navigation Linksहोम | केंद्र और परियोजनाएं | नेशनल लैण्ड रिकार्ड मॉडर्नाइजेशन प्रोग्राम

नेशनल लैण्ड रिकार्ड मॉडर्नाइजेशन प्रोग्राम

 

अकादमी को भूमि-संसाधन विभाग, ग्रामीण विकास मंत्रालय, भारत सरकार से प्राप्त अनुदान से एनएलआरएमपी केन्द्र की स्थापना वर्ष 2011 में की गई। केंद्र का मुख्य उदेश्य खसरा नक्शों का आधुनिकीकरण, उपान्तरण तथा उसकी सुलभ उपलब्धता नवीन भू-स्थानिक प्रौद्योगिकी तकनीकी विधियों के उपयोग से उपान्तरित करने हेतु राजस्व विभाग के मैदानी अमले को प्रशिक्षण करना है।

 

उपलब्ध संसाधन

एनएलआरएमपी केन्द्र में  15 आटो कैड, 1 इरडास तथा  1 आर्क जीआईएस साफ्टवेयर, 1 डिफरेंशियल ग्लोबल पोजीशनिंग सिस्टम (डीजीपीएस)  एवं 4 इलेक्ट्रानिक टोटल स्टेशन मशीन हैं। केन्द्र के दोनो कक्षों लैब रिकार्ड रूम एवं क्लास  रूम में उच्च गुणवत्ता के ब्राड बैंड कनेक्शन के कम्प्यूटर, प्रिंन्टर, फोटो कापियर मशीन स्थापित की गई है जिसमें 24 प्रशिक्षणार्थियों को प्रशिक्षित किया जा सकता है।

 

 केन्द्र में संचालित गतिविधियॉ

केन्द्र में सुदूर संवेदन (Remote Sensing), जीआईएस (GIS), इलेक्‍ट्रानिक टोटल स्‍टेशन मशीन (ETS), इंटरनेट मैपिंग टेक्नोलॉजी,(Internet Mapping Technology) जीपीएस (GPS) इत्‍यादि‍ भू-स्थानिक प्रौद्योगिकी से संबंधित भू- सर्वेक्षण, रोड सर्वेक्षण तथा सीमांकन आदि के बारे में लोक निर्माण विभाग, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, विभाग, जल संसाधन विभाग, वन विभाग, कृषि विभाग, नर्मदा घाटी विकास प्राधिकरण आदि विभागों हेतु सप्ताहिक प्रशिक्षण आयोजित किए जाते हैं।

 

मीडिया गैलरी

प्रमुख गतिविधियाँ

प्रकाशन

केंद्र और परियोजनाएं